घरेलू हिंसा अथवा अन्य महिला उत्पीड़न में तत्काल कार्यवाही के साथ प्रत्येक सप्ताह सम्बन्धित महिला से सम्पर्क कर लिया जाये फीडबैक, फीडबैक के आधार पर हो अग्रिम कार्यवाही । सभी स्कूल, कालेज, कोचिंग संस्थान, हॉस्टल में लगाये जाये सीसीटीवी कैमरे व शिकायत पेटिका । मिशन शक्ति केन्द्र पर नियुक्त कर्मी एण्टीरोमियों स्क्वाड के रूप में कार्य करते हुए स्कूल/कोचिंग के बाहर खड़े रहने वाले असामाजिक तत्वों पर कार्यवाही करें ।*निर्देश-*1. पुलिस आयुक्त महोदय द्वारा महिला हेल्प डेस्क की कार्यप्रणाली का परीक्षण कर महिला संबंधी प्रकरणों में संवेदनशील, सहानुभूतिपूर्ण एवं त्वरित कार्यवाही सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।2. महिला अपराध से संबंधित छोटे प्रकरणों में विवेचना 15 दिवस के भीतर पूर्ण करने का प्रयास करने को कहा गया।3. किसी भी महिला संबंधी प्रकरण में तत्काल गुमशुदगी/एफआईआर अनिवार्य रूप से दर्ज करते हुए त्वरित कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।4. शिकायत दर्ज करने में किसी प्रकार की देरी, टालमटोल या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध विभागीय कार्यवाही किए जाने की चेतावनी दी गई।5. महिला अपराध एवं बच्चों की गुमशुदगी के मामलों में 100% एफआईआर दर्ज कर संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्यवाही सुनिश्चित करते हुए पीड़िता की गरिमा एवं मर्यादा बनाए रखने पर बल दिया गया।6. कोचिंग संस्थानों, विद्यालयों एवं महिला हॉस्टलों के आसपास टिप्पणी/पीछा करने वाले तत्वों के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्यवाही करते हुए नियमित गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए गए।7. मिशन शक्ति केंद्र प्रभारी को स्वयं क्षेत्र में भ्रमणशील रहकर स्कूल, कॉलेज एवं महिला हॉस्टलों में प्रभावी चेकिंग एवं जागरूकता अभियान संचालित करने हेतु निर्देशित किया गया।8. महिलाओं के साथ किसी भी प्रकार का अशोभनीय कृत्य होने पर संबंधित अभियुक्तों के विरुद्ध तत्काल एवं प्रभावी वैधानिक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए ।आज दिनांक 25.02.2026 को पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी श्री मोहित अग्रवाल द्वारा थाना रोहनियां स्थित मिशन शक्ति केंद्र का निरीक्षण कर महिला संबंधी अपराधों की समीक्षा करते हुए विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए। निरीक्षण के दौरान महिला हेल्प डेस्क की कार्यप्रणाली का परीक्षण कर सभी प्रकरणों में संवेदनशील, सहानुभूतिपूर्ण एवं त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर बल दिया गया। घरेलू हिंसा एवं महिला उत्पीड़न के मामलों में तत्काल कार्रवाई के साथ प्रत्येक सप्ताह पीड़िता से संपर्क कर फीडबैक लेने तथा उसके आधार पर अग्रिम कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। सभी स्कूल, कॉलेज, कोचिंग संस्थान एवं हॉस्टलों में सीसीटीवी कैमरे एवं शिकायत पेटिका स्थापित कराने पर जोर दिया गया। मिशन शक्ति केंद्र के कर्मियों को एंटी रोमियो स्क्वाड के रूप में सक्रिय रहकर असामाजिक तत्वों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। महिला अपराध के छोटे मामलों में 15 दिवस में विवेचना पूर्ण करने, प्रत्येक महिला संबंधी प्रकरण में अनिवार्य रूप से एफआईआर दर्ज करने, लापरवाही पर विभागीय कार्रवाई तथा महिला अपराध एवं बच्चों की गुमशुदगी में 100% एफआईआर व त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करते हुए पीड़िता की गरिमा बनाए रखने पर विशेष बल दिया गया ।