चिरकुंडा : निकाय चुनाव आते ही क्षेत्र में राजनीतिक दलों की सक्रियता बढ गई है। चिरकुंडा नगर परिषद में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ भाकपा माले ने विधायक अरूप चटर्जी के नेतृत्व में नगर परिषद कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना दिया गया। धरना के पश्चात विधायक के नेतृत्व में नेताओं ने पांच सूत्री मांग पत्र कार्यपालक पदाधिकारी प्रियंका कुमारी को सौंपा गया।धरना की अध्यक्षता पूर्व उपाध्यक्ष सह भाकपा माले के नेता दीपक चटर्जी उर्फ संतु चटर्जी ने किया। वहीं संचालन अमरेश चक्रवर्ती ने किया। धरना को संबोधित करते हुए संतु चटर्जी ने कहा कि नगर पंचायत का गठन वर्ष 2008 में हुआ। उस समय हुए चुनाव संतु चटर्जी उपाध्यक्ष पद प जीत अर्जित किया। उन्होंने कहा कि उस समय नगर पंचायत का अपना भवन भी नहीं था। मैने काफी प्रयास कर जमीन उपलब्ध कराया। जहां आज नगर परिषद का अपना भवन है। इसके अलावे टाउन हाँल, विवाह भवन पास कराया गया। वहीं चिरकुंडा जलापूर्ति योजना को अमलीजामा पहनाया गया।धरना में वक्ताओं ने भ्रष्टाचार के खिलाफ नगर परिषद के अधिकारियों व निवर्तमान अध्यक्ष उपाध्यक्ष के खिलाफ जमकर कर हल्ला बोला। अध्यक्ष के 10 वर्ष के कार्यकाल में जमकर लूट खसोट हुआ। भाकपा माले 13 दिसंबर से 30 दिसंबर तक नगर परिषद के सभी 21 वार्डो का निरीक्षण कर लोगों से क्षेत्र की समस्या की जानकारी ली गई। वार्डो के 83 प्रतिशत लोगों की साफ सफाई, पेयजल, स्ट्रीट लाइट तथा नाले की साफ सफाई जैसी समस्याओं को सूचीबद्ध किया। पिछले दो बोर्ड के कार्याकाल में लूटखसोट का बोल बाला रहा। विकास योजनाओं को लूट का केंद्र में रखकर किया गया। जनता की कोई भागीदारी हीं रहा। बोर्ड भंग होने के बाद भी कामोवेश वहीं स्थति रहा।परिषद के प्रशासन का नागरिकों से कोई संपर्क नहीं रहा। नगर परिषद कार्यालय दलालों, ठेकेदारों, भ्रष्टाचारियों व लुटेरों का केंद्र बन चुका है। चिरकुंडा सौंदर्यीकरण के नाम पर एक करोड़ रूपये का लूट खसोट किया गया। भाकपा माले के द्वारा दिए गये मांग पत्र पर कार्यपालक पदाधिकारी से बातचीत के बाद विधायक ने कहा कि डोर टू डोर कचरा उठाव बंद होने से गंदगी का अंबार लगा हुआ है। उन कचरे का उठाव शीघ्र किया जाएगा। विकास कार्यो का टेंडर हो चुका है। साथ ही हमलोगों द्वारा दिये गये पत्र पर डीएमडी फंड से 50 योजनाओं की सूची तैयार की गई है। साथ ही जल्द ही स्टेडियम निर्माण का टेंडर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अध्यक्ष द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास निर्माण इससे बड़ा भ्रष्टाचार का नमूना नहीं हो सकता है। उन्होंने कहा कि अगर इसकी जांच नहीं होती है तो इसके खिलाफ विधान सभा में लिखकर दिया जाएगा। वहीं धरने को श्रीकांत सिंह, ब्रजेन्द्र सिंह, मुन्ना यदव, रामजी यादव, कल्याण राय, दुलाल बाउरी सहित अन्य ने संबोधित किया।